Editorial : बदलाव की ओर हरियाणा
Editorial: Haryana towards change

Editorial : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का हरियाणा दौरा सिर्फ एक औपचारिक यात्रा नहीं, यह प्रदेश के सपनों को उड़ान देने का एक ऐतिहासिक क्षण है। हिसार में महाराजा अग्रसेन अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के विस्तार और भविष्य की योजनाओं को लेकर जो बातें कहीं वो हरियाणा के विकास की नई इबारत लिखने वाली हैं।
हरियाणा का इतिहास गौरवशाली रहा है वीरों की धरती, किसानों की ताक़त और व्यापारियों की समझदारी इसकी पहचान रही है। जब महाराजा अग्रसेन एयरपोर्ट को इंटरनेशनल स्तर पर विकसित करने की घोषणा हुई तो यह केवल एक इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट नहीं, बल्कि सांस्कृतिक सम्मान और आर्थिक सशक्तिकरण का प्रतीक बन गया है।
प्रधानमंत्री मोदी ने इस एयरपोर्ट को नॉर्थ इंडिया के नए एविएशन हब के रूप में विकसित करने की बात कही। अगर यह योजना समयबद्ध तरीके से ज़मीन पर उतरती है, तो इससे न सिर्फ यात्रियों को सुविधा होगी, बल्कि हजारों युवाओं के लिए रोज़गार के अवसर भी खुलेंगे। लॉजिस्टिक्स, ट्रांसपोर्ट, होटल और सर्विस इंडस्ट्री को जबरदस्त बढ़ावा मिलेगा। नए टर्मिनल भवन के निर्माण से इसकी यात्री क्षमता में बड़ा इजाफा होगा।
शुरुआत में हिसार से अयोध्या, चंडीगढ़, अहमदाबाद और जम्मू के लिए सीधी उड़ानें शुरू की जाएंगी। हवाईअड्डे हर साल लगभग 21 लाख यात्रियों को सेवा देगा। 2014 तक देश में केवल 74 एयरपोर्ट थे, लेकिन आज यह संख्या 150 से अधिक हो चुकी है। उड़ान योजना के तहत 500 से अधिक रूट चालू हो चुके हैं, जिससे छोटे शहरों की कनेक्टिविटी बेहतर हुई है।
भारतीय एयरलाइंस कंपनियों ने 2,000 से अधिक नए विमानों का ऑर्डर दिया है, जिससे लाखों रोजगार के अवसर पैदा होंगे। हरियाणा आज बदल रहा है खेतों से टेक्नोलॉजी तक, गांवों से ग्लोबल विज़न तक। और महाराजा अग्रसेन एयरपोर्ट इस बदलाव का प्रतीक बना है बशर्ते हम इसे सिर्फ एक निर्माण कार्य नहीं, बल्कि एक जन-आंदोलन के रूप में देखें।



