Editorial : मोदी मंत्रिपरिषद के सदस्यों के विभागों का बंटवारा
Editorial: Division of portfolios of members of Modi Council of Ministers

विजय कुमार
प्रधानमंत्री नरेनद्र मोदी ने मंत्रिपरिषद के सदस्यों के विभागों का बंटवारा किया जिसमें सभी शीर्ष और महत्वपूर्ण मंत्रालय भाजपा नेताओं को ही दिये गये हैं। उपर के शीर्ष पांच मंत्रालयों में कोई बदलाव नहीं किया गया है और इनकी जिम्मेदारी मोदी के दूसरे कार्यकाल वाले मंत्री ही संभालेंगे।
इसके अलावा प्रधानमंत्री मोदी ने कई मंत्रालयों को अपने पास ही रखा है। कार्मिक लोक शिकायत तथा पेंशन मंत्रालय, परमाणु ऊर्जा विभाग एवं अंतरिक्ष विभाग पीएम मोदी अपने पास रखा है। इसके अलावा ऐसे सभी मंत्रालय जो किसी भी मंत्री को आवंटित नहीं किए गए हैं, वे पीएम मोदी के ही पास रहेंगे। साथ ही सभी महत्वपूर्ण नीतिगत मुद्दे भी उनके अधीन रहेंगे।
नरेंद्र मोदी कैबिनेट के लिए विभागों की घोषणा के बाद अमित शाह, राजनाथ सिंह, नितिन गडकरी, निर्मला सीतारमण, डॉ. एस जयशंकर के मंत्रालय में कोई बदलाव नहीं किया गया। मोदी सरकार 3.0 में कुल मंत्रियों की संख्या 72 है जिसमें 30 कैबिनेट मंत्री है। इनके अलावा 5 मंत्रियों को स्वतंत्र प्रभार दिया गया है। वहीं, 36 सांसदों को राज्य मंत्री का पद दिया गया है। प्रधानमंत्री इस कमेटी के अध्यक्ष हैं और गृह मंत्री, वित्त मंत्री, रक्षा मंत्री और विदेश मंत्री इसके सदस्य। देश की सुरक्षा संबंधी सभी मुद्दों से जुड़े मामलों में अंतिम निर्णय कैबिनेट ऑन सिक्योरिटी का ही होता है। इसके अलावा कानून एवं व्यवस्ता और आंतरिक सुरक्षा से संबंधित मुद्दों पर भी सीसीएस ही अंतिम निर्णय लेता है। नितिन गडकरी को एक बाऱ फिर से सड़क परिवहन मंत्री बरकरार रखा गया है। श्रीपद नाईक राज्य मंत्री बनाया गया है। अजय टम्टा और हर्ष मल्होत्रा को राज्य मंत्री बनाया गया है। शिवराज सिंह चौहान को कृषि मंत्रालय दिया गया है। धर्मेंद्र प्रधान को शिक्षा मंत्री बनाया गया है। गजेंद्र शेखावत को संस्कृति और टूरिज्म मंत्रालय मिला है। उनके साथ सुरेश गोपी और राव इंद्रजीत सिंह को राज्य मंत्री बनाया गया है। अर्बन डेवलपमेंट मिनिस्ट्री भी खट्टर के पास रहेगी।



