भारत की दिल्ली को ईवी कैपिटल बनाने का उद्देश्य

केजरीवाल सरकार ईवी चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर के तेजी से विस्तार के लिए संयुक्त रणनीति बनाने के उद्देश्य से डिस्कॉम्स, एमसीडी और एनडीएमसी के साथ हाथ मिलाएगी

भारत की दिल्ली को ईवी कैपिटल बनाने के उद्देश्य से एक संयुक्त रणनीति तैयार करने पर चर्चा करने के लिए केजरीवाल सरकार के इलेक्ट्रिक व्हीकल (ईवी) चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर वर्किंग ग्रुप की 5वीं बैठक में सरकारी एजेंसियां, ईवी उद्योग/थिंक टैंक सहित सभी साझेदारों ने भाग लिया। डायलॉग एंड डेवलपमेंट कमीशन (डीडीसी) के उपाध्यक्ष जस्मिन शाह की अध्यक्षता में कार्य समूह, दिल्ली में सार्वजनिक और निजी ईवी चार्जिंग बुनियादी ढांचे के विस्तार की दिशा में समग्र रणनीति बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

बैठक में परिवहन विभाग के प्रमुख सचिव-सह-आयुक्त आशीष कुंद्रा के साथ बिजली विभाग, पीडब्ल्यूडी, डिस्कॉम, एमसीडी, एनडीएमसी के वरिष्ठ अधिकारी और ईवी उद्योग के विशेषज्ञ उपस्थित थे।

वर्किंग ग्रुप के अध्यक्ष श्री जस्मिन शाह ने कहा कि ईवी चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर वर्किंग ग्रुप ने भारत में ईवी लीडर के रूप में दिल्ली के उभरने के लिए एक सक्षम वातावरण बनाने के लिए लगातार कदम उठाए हैं। दिल्ली ने ईवी चार्जिंग पॉइंट्स के व्यापक नेटवर्क की स्थापना में देश का नेतृत्व किया है। वर्तमान में दिल्ली में 1892 स्थानों पर कुल 2356 चार्जिंग पॉइंट और 234 बैटरी-स्वैपिंग स्टेशन चालू हैं। दिल्ली में चार्जिंग स्टेशनों का एक कुशल, लागत प्रभावी और न्यायसंगत नेटवर्क स्थापित करने के लिए विभागों के बीच समन्वय की आवश्यकता है। उन्होंने दिल्ली को भारत की ईवी राजधानी के रूप में स्थापित करने के दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के विजन के नेतृत्व में कार्य समूह के प्रयासों के लिए सभी का आभार जताया।

दिल्ली ट्रांसको लिमिटेड (डीटीएल) द्वारा जारी सार्वजनिक भूमि पार्सल पर 100 ईवी चार्जिंग/स्वैपिंग स्टेशन स्थापित करने के लिए कार्य समूह ने निविदा की स्थिति की भी समीक्षा की। जिसके तहत चार को निविदा के स्वीकृति पत्र (एलओए) प्रदान किए गए। वर्तमान में डीटीएल टेंडर के तहत 896 सार्वजनिक चार्जिंग पॉइंट और 103 बैटरी स्वैपिंग स्टेशन स्थापित किए जा रहे हैं। चार्जिंग स्टेशनों के पहले सेट का उद्घाटन अगस्त 2022 में होने की उम्मीद है।

वर्किंग ग्रुप के अध्यक्ष जस्मिन शाह ने कहा कि यह पीपीपी मॉडल के तहत भारत में ईवी चार्जर्स स्थापित करने वाला अपनी तरह का पहला इनोवेटिव टेंडर है। जिसके परिणामस्वरूप दुनिया में सबसे कम चार्जिंग दर दो रुपए प्रति यूनिट है। केजरीवाल सरकार ने विभिन्न एजेंसियों की जमीन रियायती दरों पर निजी कंपनियों को किराए पर देने का मॉडल तैयार किया। इसके साथ इलेक्ट्रिकल इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़ी लागतों, लीज रेंटल को राजस्व से जोड़ने सहित अन्य ‌कदम उठाकर व्यावसायिक सफलता के लिए अनुकूल मॉडल तैयार किया है। सबसे महत्वपूर्ण बात अंतिम उपभोक्ता के लिए सेवा शुल्क रखना न कि राजस्व अधिकतमकरण, इन बोली नियमों के परिणामस्वरूप निजी कंपनियों के बीच इतना कम सेवा शुल्क रखने के लिए मजबूत प्रतिस्पर्धा हुई है।

समीक्षा के दौरान उपाध्यक्ष जस्मिन शाह ने अपस्ट्रीम इलेक्ट्रिकल इंफ्रास्ट्रक्चर बिछाने में देरी के कारण कुछ साइटों के संचालन में देरी होने पर भी संज्ञान लिया। उन्होंने डिस्कॉम्स को कार्य प्रणाली में तेजी लाने के लिए सख्ती से निर्देश दिया, ताकि इन साइटों को समय पर पूरा किया जा सके।

परिवहन विभाग द्वारा सीईएसएल के माध्यम से 20 बस डिपो में डीटीएल द्वारा सार्वजनिक चार्जिंग/स्वैपिंग स्टेशनों स्थापित किए‌ जा रहे हैं। इनमें से मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल द्वारा बुधवार को 7 डीटीसी डिपो (राजघाट, आईपी एस्टेट, कालकाजी, नेहरू प्लेस, महरौली, द्वारका सेक्टर -2 और द्वारका सेक्टर-8) में ईवी वाहनों के लिए 45 चार्जिंग पॉइंट का उद्घाटन किया जा चुका है।

इस दौरान वर्किंग ग्रुप ने धीमी और मध्यम चार्जर्स की स्थापना के लिए किए गए प्रयासों और प्रगति की सराहना की। इस सुविधा के तहत दिल्ली के लोगों, आरडब्ल्यूए और मॉल / रेस्तरां / वाणिज्यिक व्यवसाय के मालिकों द्वारा अपने परिसर में ईवी चार्जर्स की स्थापना के लिए आवेदन करने के 7 कार्य दिवसों के भीतर सहज और परेशानी मुक्त सुविधा प्रदान करती है।

डीडीसी उपाध्यक्ष ने डिस्कॉम को दिल्ली के निवासियों, आरडब्ल्यूए और अर्ध-सार्वजनिक / वाणिज्यिक स्थानों जैसे शॉपिंग मॉल, थिएटर आदि के मालिकों को उनके परिसर में ईवी चार्जिंग पॉइंट स्थापित करने के बारे में जागरूक और मार्गदर्शन करने के लिए प्रोत्साहित किया। ईवी डीलरशिप को दिल्ली सरकार की ईवी नीति के तहत प्रदान किए गए निजी चार्जिंग कार्यक्रम की पात्रता, सुविधाओं और लाभों के बारे में अपने संभावित ग्राहकों के बीच जागरूकता पैदा करने के लिए भी प्रोत्साहित किया गया‌।

वर्किंग ग्रुप दिल्ली में चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर को और बेहतर करने के लिए सभी संबंधित सरकारी संस्थाएं के साथ एक संयुक्त रणनीति की आवश्यकता पर भी चर्चा की। बैठक के दौरान विभिन्न एजेंसियों के इनपुट पर चर्चा की गई। इसके संबंध में योजना चौथे दिल्ली ईवी फोरम के दौरान 10 अगस्त, 2022 को पेश की जाएगी, जो दिल्ली की ऐतिहासिक ईवी नीति की दूसरी सालगिरह को भी चिह्नित करेगी।

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