जबतक शरीर में प्राण है तब तक समाजसेवा और जनहित में कार्य करते रहेंगे : अमित तिवारी

नई दिल्ली (ओपन सर्च)। इन दिनों गरीबों और बेसहारा लोंगों की मदद समाजसेवी अमित तिवारी (महाराज) बड़े हीं जोरो शोर से कर रहें है। अमित राय ने ‘ओपन सर्चÓ से बातचीत में अपने दृढ़ निश्चय से अवगत कराते हुए कहा कि जबतक शरीर में प्राण है तब तक वो समाजसेवा और जनहित में कार्य करते रहेंगे। अमित तिवारी उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ का एक चर्चित चेहरा हैं, चुनाव में टिकट या पार्टी में किसी पद के सवाल को उन्होंने सिरे से खारिज़ करते हुए कहा कि मैं गरीब पिछड़ों के बारे में सोचता हूं, टिकट या पद के बारे में नहीं। और आगे आने वाले समय में भी केवल समाजसेवा के बारे में सोचता रहूंगा। केंद्र सरकार की योजनाओं का ज़मीनी स्तर पर पालन ना हो पाने के कारण अमित तिवारी ने उदासीनता से कहा कि अगर ऐसा ही रहा तो योजनाओं का कोई महत्व नहीं बचेगा  नाहिं योजनाओं का लाभ किसी गरीब को मिल पाएगा।
राजनीति के सवाल के जवाब में उन्होंने सभी राजनीतिक दलों और सरकारों से गुज़ारिश की की भले ही सभी पार्टियों की अपनी अपनी अलग विचारधारा है परन्तु गरीबों पिछड़ों शोषित पीड़ित समाज की चिंता सत्ताधीशों को करनी चाहिए। साथ ही दीवाली पर अमित तिवारी ने लोगों से  अपील की वैश्विक महामारी के इस दौर में संभलकर रहें  और पटाखे के बजाया मिठाइयाँ बांटे। जितना भी हो सके गरीबों के लिए कुछ करें। ‘ओपन सर्च’ से बात चीत में अमित तिवारी ने कई मसलों पर अपनी राय बेबाकी से रखी। निकिता तोमर हत्याकांड पर अमित तिवारी ने कहा कि इस प्रकरण को लेकर हो रही राजनीति निंदनीय है। राजनीतिक पार्टियों को इस मसले पर साथ आकर सुनिश्चित करना चाहिए कि दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा मिले।

Leave A Reply

Your email address will not be published.